लखनऊ/नई दिल्ली : हालिया लोकसभा चुनाव में उत्तर प्रदेश में कांग्रेस के निराशाजनक प्रदर्शन के बाद पार्टी महासचिव प्रियंका गांधी वाड्रा एक बार फिर से राज्य में पूरी ताकत झोंकने की तैयारी में हैं। इसके तहत वह नियमित रूप से कार्यकर्ताओं से मुलाकात करेंगी और राज्य के दौरे भी करेंगी।

सूत्रों के मुताबिक, प्रियंका पार्टी के संगठन में नयी जान फूंकने और 2022 के विधानसभा चुनाव के लिए पूरी तरह तैयार होने के मकसद से अपने तक कार्यकर्ताओं की सीधी पहुंच सुनिश्चित करना चाहती हैं। वह पार्टी कार्यकर्ताओं से हफ्ते में दो दिन मुलाकात करेंगी।

पार्टी के एक नेता ने बताया कि चुनाव बाद हुई समीक्षा बैठकों में यह बात निकलकर आयी कि नेताओं और कार्यकर्ताओं के बीच ज्यादा संपर्क एवं समन्वय की जरूरत है। फिलहाल यह तय हुआ है कि प्रियंका गांधी अब हफ्ते में दो दिन कार्यकर्ताओं से मुलाकात करेंगी। उन्होंने कहा कि निकट भविष्य में प्रियंका के उत्तर प्रदेश दौरे का सिलसिला भी तेज होगा। वह एक या दो हफ्ते पर राज्य के दौरे पर होंगी।

इसी साल 23 जनवरी को पार्टी महासचिव और पूर्वी उत्तर प्रदेश की प्रभारी नियुक्त हुईं प्रियंका ने लोकसभा चुनाव में धुआंधार सभाएं और रोडशो किये, लेकिन पार्टी को करारी हार का सामना करना पड़ा। कांग्रेस पूरे उत्तर प्रदेश में सिर्फ रायबरेली सीट ही जीत सकी। उत्तर प्रदेश में पार्टी की इस कदर बुरी स्थिति रही कि वह गांधी परिवार का गढ़ मानी जाने वाली अमेठी सीट तक गंवा बैठी। यहां पार्टी प्रमुख राहुल गांधी को भारतीय जनता पार्टी की उम्मीदवार स्मृति ईरानी ने 55,000 मतों से हराया।

चुनावी हार के बाद राज्य से जुड़े नेताओं की कई समीक्षा बैठकें हो चुकी हैं। पार्टी के पश्चिमी उत्तर प्रदेश प्रभारी ज्योतिरादित्य सिंधिया भी फिर से सक्रिय हो गये हैं। उन्होंने यहां सोमवार को और लखनऊ में शुक्रवार को समीक्षा बैठकें की थीं।