खेल डेस्क. भारत-वेस्टइंडीज के बीच तीन टी-20 सीरीज का पहला मैच आज अमेरिका के फ्लोरिडा में खेला जाएगा। टीम इंडिया की नजर विंडीज के खिलाफ लगातार चौथी जीत पर होगी। भारत को पिछली बार 2017 में किंग्स्टन में हार मिली थी। वेस्टइंडीज के खिलाफ भारतीय टीम पिछले 3 साल में 60% मैच जीती। इस दौरान दोनों के बीच 6 मैच हुए। भारत 3 जीता। वेस्टइंडीज को 2 में सफलता मिली। एक मुकाबले में नतीजा नहीं निकल सका।

दोनों टीमें वर्ल्ड कप के बाद पहली बार अंतरराष्ट्रीय मैच खेलने उतरेंगी। वर्ल्ड कप में भारतीय टीम सेमीफाइनल तक पहुंची थी। वहीं, वेस्टइंडीज नौवें स्थान पर रहा था। उस टूर्नामेंट में भारत ने वेस्टइंडीज को हराया था। टी-20 में दोनों टीमें 10 महीने बाद आमने-सामने होंगी। पिछली बार 11 नवंबर को चेन्नई में खेले गए मुकाबले में भारतीय टीम 6 विकेट से जीती थी। दोनों टीमों के बीच अब तक 4 टी-20 सीरीज हुई। इनमें दोनों ने 2-2 सीरीज अपने नाम की।

भारत-वेस्टइंडीज हेड टू हेड
दोनों टीमों के बीच अब तक कुल 11 टी-20 खेले गए। इनमें भारत 5 में जीता। वेस्टइंडीज को भी 5 मैच में सफलता मिली। 1 मुकाबले में नतीजा नहीं निकला। दोनों टीमें फ्लोरिडा में 3 साल बाद आमने-सामने होंगी। तब 2 टी-20 की सीरीज में वेस्टइंडीज पहला मैच जीता था। दूसरा मैच बारिश के कारण नहीं हुआ था।

मौसम और पिच रिपोर्ट : फ्लोरिडा में बादल छाए रहेंगे। मैच के दौरान बारिश की संभावना है। तापमान 25 से 32 डिग्री सेल्सियस के आसपास रहेगा। पिच से बल्लेबाजों को मदद मिलने की उम्मीद है। टॉस जीतने वाली टीम पहले बल्लेबाजी करना पसंद करेगी।

भारत की ताकत
लोकेश राहुल : टी-20 में भारत के नंबर एक बल्लेबाज आईसीसी रैंकिंग में 5वें स्थान पर हैं। राहुल ने 27 मैच में 43.95 की औसत से 879 रन बनाए। उन्होंने इस दौरान 2 शतक और 5 अर्धशतक लगाए। राहुल ने पिछली तीन पारियों में एक अर्धशतक लगाया। एक बार 47 रन की पारी खेली। वे फ्लोरिजडा के लाउडरहिल मैदान पर एक शतक लगा चुके हैं।

रोहित शर्मा : पिछले वनडे वर्ल्ड कप में सबसे ज्यादा रन बनाने वाले रोहित शर्मा आईसीसी रैंकिंग में टॉप-10 में शामिल दूसरे बल्लेबाज हैं। रोहित ने 94 मैच में 32.37 की औसत से 2331 रन बनाए। इस दौरान उन्होंने 4 शतक और 16 अर्धशतक लगाया। रोहित का स्ट्राइक रेट 137.68 का रहा। रोहित ने पिछली तीन पारियों में एक अर्धशतक लगाया है।

भारत की कमजोरी
अनुभवी तेज गेंदबाज की कमी : टीम में सिर्फ भुवनेश्वर कुमार ही एकमात्र तेज गेंदबाज हैं जिन्होंने 10 से ज्यादा टी-20 खेले हैं। खलील अहमद ने 9 और दीपक चाहर ने 1 मैच खेला है। नवदीप सैनी अब तक एक भी टी-20 नहीं खेले। भुवनेश्वर के नाम 37 टी-20 मैच हैं। ऐसे में उन पर ज्यादा जिम्मेदारी होगी।

वेस्टइंडीज की ताकत
इविन लेविस : वेस्टइंडीज का यह ओपनर अपनी टीम को तेज शुरुआत देने में सक्षम है। वे आईसीसी रैंकिंग में विंडीज के टॉप बल्लेबाज हैं। टी-20 रैंकिंग में 8वें स्थान पर काबिज लेविस ने 20 मैच में 33.53 की औसत से 637 रन बनाए। इस दौरान उनका स्ट्राइक रेट 163.75 का रहा है। लेविस ने इस मैदान पर भारत के खिलाफ 100 रन की पारी खेली थी।

कार्लोस ब्रैथवेट : विंडीज के कप्तान ब्रैथवेट टी-20 में टीम के नंबर एक गेंदबाज हैं। वे आईसीसी रैंकिंग में 26वें स्थान पर हैं। विंडीज का यह ऑलराउंडर तेजी से रन बनाने के साथ-साथ किफायती गेंदबाजी भी करने में सक्षम है। ब्रैथवेट ने 38 मैच में 291 रन बनाए। इस दौरान उनका स्ट्राइक रेट 119.75 का रहा। गेंदबाजी में उन्होंने 31 विकेट लिए। उनका इकॉनमी रेट 8.51 का है।

वेस्टइंडीज की कमजोरी
शिमरॉन हेटमायर : वेस्टइंडीज के इस युवा बल्लेबाज का प्रदर्शन अब तक अंतरराष्ट्रीय टी-20 में बेहतर नहीं रहा है। उन्होंने 11 मैच में 12.11 की औसत से 109 रन ही बनाए हैं। इस दौरान उन्होंने एक बार भी 30+ का स्कोर नहीं किया। हेटमायर पिछली पांच पारियों में सिर्फ 3 बार ही दहाई के आंकड़े को छू सके। आईपीएल में उनकी बल्लेबाजी अच्छी नहीं रही थी। हेटमायर ने पिछले सीजन में 5 मैच खएले। इस दौरान 18 की औसत से 90 रन बनाए थे।

दोनों टीमें
भारत: विराट कोहली (कप्तान), रोहित शर्मा (उप-कप्तान), शिखर धवन, लोकेश राहुल, श्रेयस अय्यर, मनीष पांडेय, ऋषभ पंत, क्रुणाल पंड्या, रविंद्र जडेजा, वॉशिंगटन सुंदर, राहुल चाहर, भुवनेश्वर कुमार, खलील अहमद, दीपक चाहर, नवदीप सैनी।

वेस्टइंडीज: कार्लोस ब्रैथवेट (कप्तान), सुनील नरेन, आंद्रे रसेल, कीमो पॉल, खैरी पिएरे, कीरोन पोलार्ड, निकोलस पूरन (विकेटकीपर), रोवमन पॉवेल, ओशेन थॉमस, एंथनी ब्रैम्बल (विकेटकीपर), जॉन कैम्पबेल, शेल्डन कॉटरेल, शिमरॉन हेटमायर, इविन लुइस।